यह हैं जर्मनी से जुड़े 10 अजीबो गरीब रोचक तथ्य, जो आप नहीं जानते होंगे

जर्मनी विश्व के ताकतवर देशों में से एक है। जिसने विश्वयुद्ध के बाद कंगाल होने पर भी हार नहीं मानी और आज वह सफलता प्राप्त कर ली है जिस पर विश्वास करना भी मुमकिन नहीं है। आइए जानते हैं जर्मनी से जुड़े कुछ रोचक तथ्य…

जर्मनी की जनसँख्या

जर्मनी की जनसंख्या लगभग भारत के देश आंध्र प्रदेश के बराबर ही है। जर्मनी की जनसंख्या मात्र 8 करोड़ है।

इस देश की ताकत के पीछे ताकत के देश के नागरिकों की देशभक्ति और मेहनत है जो मुश्किलों में भी मुस्कुराना जानते हैं.

कईं राज्यों से मिलकर बना है यह देश

यहां की राजधानी एक राज्य नहीं बल्कि कई राज्य रह चुके हैं जिनमें Aachen , Regensburg , Frankfun-am-main , Bonn and berlin शामिल है।

जेल से फरार होने पर नही मिलती सज़ा

जर्मनी में माना जाता है कि लोगों को अपनी आजादी से जीने का हक है इसलिए जेल से भागने पर भी उन्हें सजा नहीं दी जाती।

अटपटे देश के चटपटे लोग

जर्मनी के लोगों का अंदाज बड़ा अटपटा है वहां के लोग फोन पर बात शुरू करने पर ‘हेलो’ नहीं बल्कि अपना नाम लेकर बातचीत शुरू करते हैं।

नही है स्पीड लिमिट

जर्मनी के 70 परसेंट हाईवे पर वाहन की कोई स्पीड लिमिट नहीं है लेकिन वहां के वाहनों का रोड पर ही इंधन खत्म हो जाना गैरकानूनी माना जाता है।

किताबें छपने में है अव्वल

जर्मनी की पहली पत्रिका सन 1963 में शुरू की गई थी जहां पर अब तक दुनिया की सबसे अधिक किताबें छापी जा चुकी हैं।साल 1989 से साल 2009 के बीच Germany में 2 हज़ार से ज्यादा स्कूल बंद करने पड़े थे क्योंकि उनमें बच्चों की कमी थी।

लगातार कम हो रही है जनसंख्या

जर्मनी और जापान की जन्म दर संख्या सबसे कम है जर्मनी में पिछले 10 साल में दो लाख जनसंख्या कम हो चुकी है।

जर्मनी का बजट

जर्मनी का रक्षा बजट मात्र इतना है कि अमेरिका में एक कुत्ते को खाना खिलाया जा सके। यानी यह देश पालतू जानवरों पर इंसानों से अधिक खर्व्ह करता है.

कर्ज़ से उबरा देश

पहले विश्व युद्ध के दौरान जर्मनी बिल्कुल कंगाल हो चुका था उन पर लगभग कितना कर्जा था कि उसकी तुलना 96000 टन सोने की कीमत के बराबर की गई थी।

जन्मदिवस को मानते हैं बुरा

जर्मनी में कभी एडवांस हैप्पी बर्थडे नहीं कहा जाता क्योंकि वह उसे अपना बैड लक मानते हैं।

दुनिया में सबसे अधिक इस्तेमाल किए जाने वाले कारे जर्मनी में बनाई जाती है। जिनमें BMW और AUDi शामिल है।

इस गांव में पंचायत के सामने कर दिया जाता है दूल्हे दुल्हन को कमरे में बंद, बाद में पुछा जाता है दूल्हे से इस चीज का जवाब

भारत में आज भी कई जगहो पर खुलकर कुप्रथा को अंजाम दिया जाता है. लेकिन जब उच्च शिक्षित होने के बाद भी ऐसे कुप्रथा को अंजाम दिया जाए तो और भी शर्म की बात है, कंजारभाट समुदाय में शादी के बाद पंचायत द्वारा दुल्हन का वर्जिनिटी टेस्ट (virginity test) कराने का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है।

शर्मनाक बात यह है कि लड़की और लड़का दोनों उच्च शिक्षित हैं। उनकी फैमिली भी पढ़ी-लिखी है। लड़का इंग्लैंड से उच्च शिक्षा लेकर इंडिया लौटा है। पंचायत 31 दिसंबर को बुलाई गई थी। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया है। डिप्टी चैरिटी कमिश्नर कृष्णा इंद्रेकर ने इस शर्मनाक घटना का खुलासा किया।

  • ऐसा बताया जा रहा है कि पुणे के कोरेगांव पार्क में इस कपल की शादी हुई थी। इसके बाद दूल्हे ने दुल्हन का वर्जिनिटी टेस्ट कराया। पंचायत के दौरान दूल्हा-दुल्हन को अकेले कमरे में बंद कर दिया गया। जबकि बाहर पंचायत बैठी रही।
  • उल्लेखनीय है कि कंजारभाट समाज में रिवाज है कि अगर दूल्हा चाहे तो दुल्हन को पंचायत के आदेश पर अपना वर्जिनिटी टेस्ट देना पड़ता है। अगर लड़की इसमें फेल हो जाती है, तो शादी टूट जाती है।
  • कंजारभाट समुदाय में वर्जिनिटी टेस्ट की कुप्रथा लंबे समय से चली आ रही है। इसका विरोध भी लगातार जारी है। इस नए मामले ने विरोध को और मुखर कर दिया है।
  • हैरान करने वाली बात यह है कि लड़के के पिता पुणे के पूर्व नगरसेवक रह चुके हैं। वहीं लड़की का पिता रिटायर पुलिस इंस्पेक्टर है। दूल्हे ने पंचायत के सामने लड़की के वर्जिनिटी टेस्ट की बात रखी थी।

अपने आप आने लगे किसानों के बैंक खातों में पैसे, देख कर किसानों के चेहरों पर आई खुशी

किसानों के बैंक खातों में अपने आप पैसे आने लगे है, अपने खाते में पैसा जमा होने से किसानों के चेहरों पर खुशी छा गई, महाराष्ट्र के बीड में एक अजीब मामला सामने आया है. वहां के लोगों के बैंक अकाउंट में अचानक से पैसे जमा होने लगे.

किसानों के बैंक अकाउंट में 500 से 2000 रुपये अचानक जमा हुए। ये बात अलग है कि अभी तक तक ये पता नहीं चल सका है कि खातों में पैसा किसने जमा कराए। बीड जिले के दासखेड गांव के किसानों के बैंक खाते में 500 रुपये,1000 और 2000 रुपये जमा कराने की खबर आई।

किसानों ने पहले सोचा की यह पैसा किसी सरकारी स्कीम का होगा या फिर फसल बीमा का है, लेकिन अब यह पैसा उस व्यक्ति के बैंक खाते में भी जमा किया जा रहा है जिसके पास कोई खेत नहीं है। अचानक अपने खाते में पैसा जमा होने से किसानों के चेहरों पर खुशी छा गई तो इससे साथ ही उनके दिल और दिमाग में तरह तरह की बातें आने लगी कि आखिर वो दिलदार शख्स या संस्था कौन जो उनके लिए मेहरबान हो गई।

कुछ दिन पहले केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले ने बयान दिया था कि, “मोदी सरकार हर एक व्यक्ति के बैंक खाते में 15 लाख रुपये जमा करेंगें | पैसे आने के बाद लोगों के बीच इस बात की अफवाह भी फैल गई कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पैसे खाते में भेजकर अपना चुनावी वादा पूरा कर रहे हैं. जिन लोगों के खाते में पैसे आए हैं वह काफी खुश दिखाई दे रहैं हैं.

पैदल चलने वालों को ज्यादा ब्याज देता है यह बैंक, हर रोज कम से कम 10000 कदम

सिर्फ पैदल चलकर भी कमाई हो सकती है, सुनने में अटपटा लगता है। लेकिन ऐसा हो रहा है। पैदल चलने वालों को एक बैंक जमा पैसे पर अधिक ब्याज देता है। लेकिन इस कमाई के लिए रोजाना कम से कम 10,000 कदम चलने होंगे।

इससे कम चलने पर अधिक ब्याज नहीं दिए जाएंगे। बैंक अपने ऐप से इसको चेक कर लेता है, लेकिन बेईमानी करने वालों को सजा भी दी जाती है। उनकी ब्याज दर को कम कर दिया जाता है। इस बैंक का नाम मोनो बैंक है जो यूक्रेन स्थित है। इस बैंक की स्थापना तीन साल पहले हुई थी। अभी इसके ग्राहकों की संख्या 5 लाख से अधिक है।

ऐसे किया जाता है काम

इस पहल के तहत ग्राहकों को स्मार्टफोन में एक हेल्थ ऐप डाउनलोड करना पड़ता है। यह उनकी शारीरिक गतिविधियों की मॅानिटरिंग करता है। ऐप का डाटा बैंक के पास रहता है। इस तरह बैंक देख सकता है कि उसके ग्राहक कितना पैदल चलते हैं।

ऐसा करने पर ब्याजदर घटा दी जाएगी

बैंक को अगर लगता है कि ग्राहक इसमें किसी प्रकार की बेइमानी कर रहा है तो दंड के तौर पर उनके जमा खाते पर ब्याज दर कम कर देता है। मोनोबैंक के अनुसार, रोजाना 10 हजार कदम चलने पर ग्राहकों के बैंक बचत खाते पर 21 फीसदी ब्याज देता है।

इस दौरान अगर कोई लगातार तीन दिन 10,000 से कम चलता है तो उसे सिर्फ 11 फीसदी ब्याज दर मिलती है। इस बैंक के करीब 50 फीसदी ग्राहक 21 फीसदी की दर से ब्याज ले रहे हैं।

दिल की बीमारी से मरने वालों की दर में यूक्रेन दूसरे नंबर पर है

बैंक की पहल के पीछे बड़ी वजह यह है कि बैंक पैदल चलने को प्रोत्साहित करना चाहता है। ब्रिटेन की तरह यूक्रेन में मोटापे की बीमारी बढ़ रही है। दिल की बीमारी से मरने वालों की दर में यूक्रेन दूसरे नंबर पर है। यहां हर एक लाख लोगों में 400 की मौत दिल की बीमारी से हाेती है। यही वजह है कि मोनो बैंक ने इस नेक पहल को शुरू किया है।

यह है दुनिया की सबसे महंगी सब्जी, कीमत 75 हजार रुपए किलो

महंगाई दिन-प्रतिदिन आसमान छू रही है। ऐसे में लोगों के लिए घर चलाना काफी मुश्किल होता जा रहा है। अगर सब्जियों और फलों की बात की जाए तो आलू-प्याज और टमाटर की कीमतें लोगों की जेबों पर भारी पड़ने लगी हैं। लेकिन आज हम आपको एक ऐसी चीज के बारे में बताने जा रहे हैं जिसकी कीमत के बारे में सुनकर आपको बाकी चीजों की कीमतें काफी कम लगेंगी।

जहां एक ओर लोग आलू-प्याज की बढ़ी कीमतों को लेकर परेशान है वहीं अगर हम आपको इस सब्जी की कीमत बताएंगे तो आपकी बोलती बंद हो जाएगी।

76,000 रुपए प्रति किलो

जी हां, इस सब्जी की कीमत 1000 यूरो यानी तकरीबन 76,000 रुपए प्रति किलो है। इस सब्जी का नाम हॉप शूट्स है। इसकी टहनियां शतावरी (एस्पैरेगस) पौधे की तरह दिखाई देती हैं। इस सब्जी को सिर्फ बसंत के मौसम में ही उगाया जाता है। यह सब्जी जंगलों में उगाई जाती है।

इस सब्जी को काटने के वक्त यह ध्यान रखना पड़ता है कि अगर इसे जल्दी नहीं काटा जाए तो इसकी टहनियां मोटी हो जाती है। जिसके बाद इन्हें खाया नहीं जाता। इस सब्जी में फूल भी होते हैं जो की खाने में काफी तीखे होते हैं लेकिन इसकी टहनियों को सब्जी बनाकर खाया जाता है।इनकी सब्जियां बनाने के अलावा लोग इनका आचार भी बनाते हैं।

इस सब्जी का रंग बैंगनी होता है। इस सब्जी को बढ़ने के लिए थोड़ी सी धूप और नमी की जरूरत होती है। इसकी खासियत यह है कि यह एक दिन में 6 इंच तक बढ़ जाती है।

5 रुपये का टूथपेस्ट आपके मोबाइल की टूटी हुई स्क्रीन को कर देगा फिक्स

 

अक्सर स्मार्टफोन को यूज करते हुए उसकी स्क्रीन गंदी हो जाती है। ऐसे में उसे साफ करने के लिए गिले कपड़े या फिर हाथ का इस्तेमाल करते हैं लेकिन इन सबके बाद भी आपके फोन का डिस्प्ले नए स्मार्टफोन की तरह नहीं चमकता है। ऐसे में आज हम आपको एक ऐसी टिप देंगे जिसकी मदद से आप अपने स्क्रीन को पहले की तरह बिल्कुल नया बना सकते हैं।

साथ ही टूटी स्क्रीन को भी जोड़ सकते हैं। 5 रुपये में मिलने वाला टूथपेस्ट सिर्फ टूथब्रश करने में ही नहीं बल्कि स्मार्टफोन को साफ करने में भी इस्तेमाल कर सकते हैं। सुनने में जरा अजीब लेगा लेकिन सच यह है कि इसकी मदद से आप अपने स्मार्टफोन की स्क्रीन को साफ करके पहले की तरह नया बना सकते हैं।

इसके लिए सबसे पहले पेस्ट को डिस्प्ले पर अच्छी तरह से लगाए और फिर कॉटन के किसी सॉफ्ट कपड़े से उसे अच्छी तरह से साफ करें। जिसके बाद डिस्प्ले नया दिखने लगेगा।अगर स्मार्टफोन का डिस्प्ले टूट गया है तो उसे जोड़ने में भी टूथपेस्ट का इस्तेमाल कर सकते हैं।

इसके लिए सबसे पहले पूरे डिस्प्ले पर अच्छे तरह से पेस्ट को लगाए और पर कपड़े की मदद से उसे दबा कर पूरे स्क्रीन पर फैलाते हुए साफ करें।

ऐसे करने से पेस्ट आपके टूटे हुए डिस्प्ले के दरारों में पूरी तरह से भर जाएगा और स्क्रीन के शीशे बाहर नहीं आएंगे। गौरतलब है कि हर व्यक्ति स्क्रीन टूटने और उसके गंदे होने से परेशान है। ऐसे में यह टिप आपके बड़े काम का है। तो आज ही अपने फोन के डिस्प्ले को साफ करें और जोड़े ताकी फोन पहले की तरह नया दिखने लगे।