जानें कैसा रहेगा पुरे भारत मे मौसम का हाल

आज से एक नया प०वि० उत्तर भारत को प्रभावित कर रहा है। और इसकी हवाओ से प्रेरित परिसंचरण क्षेत्र उत्तर पश्चिमी राजस्थान और इससे सटे हरियाणा, पंजाब व पाकिस्तान पर बना हुआ है।मॉनसूनी ट्रफ बीकानेर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, हिसार, भिवानी, नारनोल, पलवल, मथुरा, अलीगढ़, कानपुर होते हुए हिमालय के तलहटी इलाको में बनी हुई है।

बंगाल की खाड़ी में कम दबाव का क्षेत्र कल विकसित हो जाएगा। कल जम्मू कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में हल्की से मध्यम बारिश जारी रहेगी। सम्पूर्ण पंजाब में बारिश में कमी आएगी। लेकिन दक्षिण पंजाब में हल्की से मध्यम बारिश जारी रहेगी। तो शेष पंजाब में हल्की बारिश मेघगर्जन के साथ हो सकती है।

उत्तरी हरियाणा में भी बारिश कम हो जाएगी। लेकिन पश्चिमी व दक्षिण हरियाणा में मध्यम से भारी बारिश जारी रहेगी। दिल्ली में भी हल्की से मध्यम बारिश जारी रहेगी। उत्तर-पुर्वी राजस्थान में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।  दक्षिण पुर्वी राजस्थान में मेघगर्जन के साथ बूंदाबांदी शुरू हो जाएगी। पश्चिमी राजस्थान में बादल छाए रह सकते हैं। और तेज़ आँधी जारी रहेगी।

सम्पूर्ण उत्तर प्रदेश में हल्की से मध्यम बारिश होगी। लेकिन पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भारी बारिश के दौर भी देखे जाएगे। बिहार, झारखंड और पश्चिम बंगाल में हल्की से मध्यम बारिश के साथ भारी बारिश जारी रहेगी।छत्तीसगढ़ व ओड़िशा में भी बारिश बढ़ेगी। अनेको जगहो पर मध्यम बारिश के साथ भारी बारिश दर्ज की जाएगी। पुर्वी मध्यप्रदेश में बारिश की तीव्रता बढ़ेगी।

पूर्वी मप्र में हल्की से मध्यम बारिश होगी तो पश्चिमी मप्र में मेघगर्जन के साथ हल्की बारिश या बूंदाबांदी शुरू हो जाएगी।गुजरात मे बादल छाए रहेगे। उत्तर पुर्वी गुजरात मे हल्की बारिश देखने को मिल सकती है। तो दक्षिण पुर्वी तटीय गुजरात मे हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की जा सकती है। शेष गुजरात मे कोई ख़ास मौसमी गतिविधियां नही होंगी।

तटीय महाराष्ट्र में मध्यम से भारी बारिश, उत्तर-मध्य महाराष्ट्र व मराठवाड़ा में हल्की बारिश व विदर्भ में बूंदाबांदी होगी। तेलंगाना में हल्की बारिश या बूंदाबांदी की सम्भावना है। गोवा, तटीय कर्नाटक व केरल में भारी बारिश होगी। आंतरिक कर्नाटक, तमिलनाडु व आंध्रप्रदेश में मध्यम से भारी बारिश जारी रहेगी।

मौसम विभाग का सबसे बड़ा अलर्ट जारी, इन राज्यों में आसमान से आ रही आफत, निकलने से पहले…

देश की राजधानी दिल्ली और आसपास के इलाके से मानसून अब तक रूठा हुआ है। इक्का-दुक्का दिन की बात छोड़ दें तो यहां अब मानसून की बेरुखी ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। भारतीय मौसम विभाग की मानें तो बारिश को लेकर अभी और इंतजार करना होगा। अगले तीन दिन बारिश होने के आसार कम हैं।

दूसरी तरफ देश के 6 राज्यों में भारी बारिश के साथ रेड अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग की ओर से जिन 6 राज्यों के लिए रेड अलर्ट जारी किया गया है उनमें पूर्वोत्तर से सिक्किम, अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय शामिल हैं। जबकि पहाड़ी राज्यों में उत्तराखंड में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। इनके साथ ही यूपी और बिहार में भी मूसलाधार बारिश होगी।

भारी बारिश के बीच बिजली गिरने की संभावना

उत्तर प्रदेश में 13 जुलाई तक भारी से भारी बारिश होने के आसार हैं। यही वजह है कि मौसम विभाग ने यहां रेड अलर्ट जारी किया है। हालांकि पश्चिम यूपी में इन तीन दिन में बारिश ना के बराबर होगी। यूपी के अलावा बिहार में भारी बारिश के साथ ही कुछ इलाकों में बिजली गिरने की संभावना व्यक्त की गई है।

आपको बता दें कि पिछले दो दिन से पूर्वी यूपी समेत बिहार के कई इलाकों में मानसून जबरदस्त मेहरबान है। बुधवार और गुरुवार को बनारस, लखनऊ समेत यूपी के कई जिलों में जोरदार बारिश हुई। जबकि बिहार में भी कई ऐसे जिले रहे हैं जहां हर तरफ पानी ही पानी दिखाई दे रहा है।

हिमाचल प्रदेश में भी होगी अच्छी बारिश

पहाड़ी इलाकों में उत्तराखंड के बाद हिमाचल प्रदेश में भी अच्छी बारिश का अनुमान है। यहां शिमला, हमीरपुर, कांगड़ा, कुल्लू, लाहौल-स्पीती, सिरमौर, सोलन और ऊना जैसे जिलों में जोरदार बारिश हो सकती है।

राजधानी से रूठा मानसून

मौसम विभाग के मुताबिक दिल्ली-एनसीआर के साथ हरियाणा, राजस्थान और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में झमाझम बारिश का इंतजार और बढ़ गया है। मौसम विज्ञान विभाग के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक, उमस का सिलसिला जारी रहेगा और अगले चार दिन तक दिल्ली-एनसीआर में बारिश ना होने के आसार हैं।

दिल्ली और आसपास के इलाकों में चक्रवाती हवाओं की गतिविधि बनेगी। रविवार तक बादल भी छाए रहेंगे, लेकिन इस दौरान बारिश का इंतजार ही करना होगा। 15 जुलाई को हल्की बारिश हो सकती है।

मौसम! अगले कुछ घण्टो में इन इलाकों में भारी बारिश के साथ धूलभरी आँधी की संभावना

मैदानी इलाकों पर बनी ट्रफ अब आगे बढ़कर हिमालय को तलहटी वाले इलाकों व आसपास के क्षेत्रों पर आ गई है। इसी ट्रफ के कारण जम्मू कश्मीर व साथ लगते पाकिस्तान पर सक्रीय बादल का निर्माण हुआ है। अगले कुछ घण्टो में पंजाब के पठानकोट, होशियारपुर, गुरुदासपुर, अमृतसर, तरनतारन, कपुरथला,

जालंधर, लुधियाना, नवांशहर, रूपनगर, फतेहगढ़ साहिब, पटियाला, मोहाली, चंडीगढ़,
हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा, ऊना, हमीरपुर, बिलासपुर, सुरेंद्रनगर, शिमला, सिरमौर, सोलन,
हरियाणा के पंचकूला, यमुनानगर, अम्बाला, कुरुक्षेत्र, उत्तराखंड के देहरादून, हरिद्वार,

टिहरी, उत्तरकाशी, गढ़वाल, अल्मोड़ा, पिथौरागढ़, उधमसिंह नगर, नैनीताल, उत्तर प्रदेश के सहारनपुर, मुज़फ्फरनगर, बिजनौर, अमरोहा, रामपुर, मुरादाबाद, बरेली आदि में तेज मेघगर्जन व तेज़ हवाओ के साथ बूंदाबांदी से लेकर हल्की से मध्यम बारिश व कही कही भारी बारिश दर्ज की जाएगी।

फिरोजपुर, मोगा, बरनाला, संगरुर, मानसा, भटिण्डा, मुक्तसर, फाजिल्का, फरीदकोट, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, भिवानी, जींद, कैथल, करनाल, रोहतक, पानीपत, सोनीपत, दिल्ली, गाज़ियाबाद, गौतम बुद्धनगर,

बुलन्दशहर में इन बादल की Powerful Downdraft (बादल से निकलने वाली हवा जो धरती से टकराकर आँधी में तब्दील हो जाती है।) के कारण आँधी आ सकती है।

बारिश की सम्भावना नही। अगर नए बादल बनते हैं तो इक्का दुक्का जगहो पर बूंदाबांदी या हल्की बारिश से इंकार नही किया जा सकता। इन इलाको में पहले से ही धुलिया मौसम बना हुआ है। दिन में गर्मी और उमस से बहुत परेशान होगा पड़ेगा।

अगले कुछ घण्टो में इन इलाकों में भारी बारिश की संभावना, गर्मी से मिलेगी राहत

उत्तर भारत मे मॉनसून थोड़ा सक्रिय होने लगा है। उत्तर पंजाब, पश्चिमी हरियाणा, और साथ लगते उत्तर-पूर्वी राजस्थान एवं दिल्ली-एनसीआर के इलाकों में तेज़ गर्जिले बादल बन चुके हैं।
पिछले कई दिनों से जहाँ बारिश नही हो रही थी आज वहाँ भी बारिश शुरू हो गई है। जैसे ऐलनाबाद, सिरसा, भादरा, संगरिया, हनुमानगढ़ में इस सीजन की पहली तेज़ बारिश हो रही है।

बादलों की सक्रियता को देखते हुए अब अनुमान है कि पंजाब के पठानकोट, होशियारपुर, गुरुदासपुर, लुधियाना, नवांशहर, रूपनगर, मोहाली, चंडीगढ़, फतेहगढ़ साहिब, संगरुर और पटियाला में मेघगर्जन के साथ हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। नवे बादल फिरोजपुर, फरीदकोट, मुक्तसर, मानसा, भटिण्डा पर बन रहे हैं। इसलिए इन इलाकों में भी बूंदाबांदी/हल्की बारिश हो सकती है।

हरियाणा के सिरसा पर तेज़ गर्जिले बादल बन गया है। और इसकी सक्रियता बढ़ भी रही है। छोटे छोटे नवे बादल झज्जर, गुड़गांव, दिल्ली, पलवल, नूह पर बने हुए हैं। जोकि समय के साथ सक्रिय हो रहे हैं।
अनुमान है अगले कुछ घण्टो में सिरसा समेत फतेहाबाद, हिसार, भिवानी, चरखी दादरी, जींद, कैथल,

रोहतक, झज्जर, गुड़गांव, फरीदाबाद, पलवल, नूह, रेवाड़ी, नारनौल और उत्तर में पंचकूला, यमुनानगर, अम्बाला, कुरुक्षेत्र में हल्की बारिश या तेज़ बारिश की प्रभल सम्भावना बन गई है। राजस्थान के हनुमानगढ़ और चूरू पर भी तेज गर्जिले बादल सुबह के बने हुए हैं। जिसके कारण हनुमानगढ़ के भादरा, संगरिया, राजगढ़, सिधमुख आदि जगहो पर तेज़ बारिश हो रही है।

इसके अलावा सीकर, झुंझनु, जयपुर, दौसा, करौली, धौलपुर पर भी बारिश वाले बादल छाए हुए हैं।
राजस्थान के लिए अनुमान है कि हरियाणा की सीमा से लगते इलाको, जयपुर, दौसा, करौली, धौलपुर, भरतपुर, अलवर, सीकर, झुंझनु, झालवाड़, बारां, सवाई माधोपुर, बूंदी, कोटा में हल्की बारिश या तेज़ बारिश हो सकती है।

पश्चिमी यूपी के मथुरा, अलीगढ़, हाथरस, एटा पर भी नवे गर्जिले बादल का निर्माण हो गया है। अगले कुछ घण्टो में मथुरा, आगरा, अलीगढ़, हाथरस, एटा, शाहजहांपुर, बरेली, फरुखाबाद, फिरोजबाद आदि में हल्की से मध्यम बारिश की सम्भावना है।

पुर्वी मध्यप्रदेश, बुंदेलखंड और पूर्वी उत्तर प्रदेश पर भारी बारिश जारी रहेगी। गुजरात के वड़ोदरा, नर्मदा, छोटा उदयपुर, भरूच, तापी, भावनगर और बोटाद में हल्की बारिश की सम्भावना है।

दिल्ली सहित इन राज्यों में अगले 24 घंटों में होगी भारी बारिश, जानें अपने राज्य का हाल

दिल्ली के कुछ इलाको में रविवार को बारिश होने की संभावना है। इस बारिश के चलते लोगों को गर्मी से थोड़ी राहत मिल सकती है।  मौसम विभाग के अनुसार इस साल बारिश सामान्य से 33 प्रतिशत कम हुई है। दक्षिण-पश्चिम मानसून की शुरुआत भी कुछ देर से हुई है।

मौसम विभाग का अनुमान है कि जुलाई-अगस्त में बारिश अच्छी रहेगी। मुंबई में रविवार को भी बारिश का दौर जारी है। हालांकि फिलहाल मुंबई में बादल छाए हुए हैं और बारिश फिलहाल बंद है, लेकिन शाम में और रात में फिर से बारिश आने का अनुमान जताया गया है।

वहीं मानसून के चलते पूर्वी उत्तर प्रदेश में रविवार की सुबह बारिश लेकर आयी। मौसम विज्ञानियों के अनुसार, बंगाल की खाड़ी में बने टर्फ क्षेत्र के चलते पूर्वांचल में बारिश हो रही है।

उत्तरी और पूर्वी भारत के कई हिस्सों में राहत

उत्तरी और पूर्वी भारत के कई क्षेत्रों में शनिवार को बारिश हुई जिससे लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली।दिल्ली के भी कई इलाकों में शुक्रवार और शनिवार को बारिश हुई।

गुजरात में बारिश

गुजरात में भारी बारिश के बाद काफी जगहों पर जल भराव हो गया है। कुछ जगहों पर बाढ़ जैसे हालात हैं।वालसाड के कई जगहों पर बारिश का पानी जमा हो गया है।

अगले 4 दिनों तक खुशनुमा रहेगा मौसम

मौसम विभाग के अनुसार, अगले 4 दिनों तक मौसम खुशनुमा रहेगा और हल्की-फुल्की बारिश होती रहेगी।

अभी जारी रहेगा मुंबई में बारिश का दौर

मुंबई में बारिश का दौर जारी है। शनिवार को भी मुंबई और उसके आसपास के इलाको में भारी बारिश हुई।  मौसम विभाग के अनुसार, अभी मुंबई में बारिश का यह दौर आगे भी जारी रहने वाला है।

विभाग ने बताया कि पंजाब और हरियाणा के कई हिस्सों में भी बारिश हुई। मौसम विभाग के अनुसार, राजस्थान के उत्तर पश्चिम क्षेत्र से बंगाल की खाड़ी के उत्तर पूर्व तक एक टर्फ क्षेत्र बन रहा है। यह टर्फ क्षेत्र राजस्थान, यूपी, झारखंड, पश्चिम बंगाल से होकर गुजर रही है, जिसके चलते ही इन राज्यों में कई जगहों पर बारिश के हालात बन रहे हैं।

राजस्थान में मानसून की पहली बारिश ने दी गर्मी से राहत

मौसम विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि राजस्थान में पांच जिलों को छोड़कर सभी हिस्सों में मानसून पहुंचा चुका है।  उन्होंने बताया कि जयपुर, अजमेर और कोटा में शनिवार को अच्छी बारिश हुई। शनिवार तक राज्य के पांच जिलों चुरू, हनुमानगढ़, श्रीगंगानगर, बीकानेर और जैसलमेर के अलावा सभी जिलों में मानसून की पहली बारिश हो चुकी है।

अगले 24 घंटों के दौरान राज्य के पूर्वी भागों में अनेक स्थानों तथा पश्चिमी हिस्सों में ज्यादातर इलाकों में बारिश होने का अनुमान है। कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी वर्षा भी हो सकती है। यह सिलसिला नौ जुलाई तक जारी रहने की सम्भावना है।

मानसून की दिल्ली में दस्तक, इन राज्यों में भारी बारिश के आसार

दिल्ली में सात दिन की देरी से ही सही लेकिन मानसून ने दस्तक दे दी है। मौसम विभाग ने कहा कि एक हफ्ते की देरी से मानसून राजस्थान, उत्तर प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब हरियाणा और दिल्ली पहुंच गया है।

शुक्रवार को दिल्ली के कई इलाकों में मानसून की पहली बारिश हुई जिसने चिलचिलाती गरमी से राजधानीवासियों को राहत दी। बारिश के कारण तापमान में गिरावट आई। भारतीय मौसम विभाग के अनुसार इस बार मानसून आने में देरी हुई। स्काईमेट के अनुसार शनिवार को भी बारिश होने की आशंका है।

दक्षिण-पश्चिम मानसून पूर्वी राजस्थान के कुछ हिस्सों, मध्य प्रदेश के अधिकांश हिस्सों, छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों, उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों के अलावा उत्तराखंड के अधिकांश हिस्सों में आगे बढ़ा है। हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर के कुछ हिस्सों में मानसून ने रफ्तार पकड़ी है।

मानसून अमूमन 29 जून को दिल्ली पहुंच जाता है लेकिन इस बार इसमें सात दिन की देरी हुई है। गुरुवार सुबह दिल्ली के कुछ हिस्सों में हल्की बूंदाबांदी हुई लेकिन इसके कारण न तो तापमान में और न ही गरमी से कोई खास राहत मिली।

मौसम विभाग के अनुसार दिल्ली में 2.4 मिली मीटर बारिश दर्ज की गई थी। आज भी राजधानी में बारिश होने की आशंका है। स्काईमेट के मुख्य मौसम वैज्ञानिक ने बताया कि छह जुलाई से असल में मानसून की शुरुआत होने की संभावना है।

इन राज्यों में होगी बारिश

  • उत्तराखंड में शुक्रवार से अगले तीन दिनों तक भारी बारिश होने की संभावना है। मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार राज्य के आठ जिलों में अत्यधिक बारिश हो सकती है।
  • शनिवार को मध्यप्रदेश के ग्वालियर और सागर क्षेत्र में कहीं-कहीं भारी बारिश होने की भी आशंका है। भोपाल में भी तेज बारिश होने की संभावना है।
  • गुरुवार को हुई बारिश के बाद जम्मू-कश्मीर में मौसम सुहाना बना रहा। अगले दो दिनों तक राज्य में मानसून के सक्रिय रहने की उम्मीद है।
  • मौसम विभाग का अनुमान है कि झारखंड के ज्यादातर जिलों में हल्की बारिश होगी। जून में यहां औसत से 50 फीसदी कम बारिश दर्ज की गई।
  • मौसम विभाग ने हिमाचल प्रदेश के चार जिलों मंडी, शिमला, सोलन और सिरमौर में भारी बारिश को लेकर चेतावनी जारी की है। रविवार को कांगड़ा, कुल्लू, ऊना, बिलासपुर, हमीरपुर, चंबा, कांगड़ा और मंडी में भारी हो सकती है।
  • मुंबई में भारी बारिश के कारण सड़कों पर पानी भर गया है।

मुंबई में तबाही मचाने के बाद राजस्थान पहुंचा मॉनसून, आज इन 8 राज्यों में भारी बारिश की संभावना

मुंबई जहां बारिश से बेहाल हो गई, वहीं दूसरी ओर देश के कई राज्य बारिश के लिए तरस रहे हैं, फिलहाल मंगलवार को मॉनसून ने राजस्थान में दस्तक दे दी है और मौसम विभाग का कहना है कि अगले दो-तीन दिन में मॉनसून उत्तर भारत के आठ राज्यों को भिगोने के लिए बढ़ रहा है और बहुत जल्द यहां पर भारी बारिश होगी।

अगले 72 घंटे में मॉनसून की बारिश की संभावना

विभाग ने कहा है कि उत्तर-पश्चिम भारत के हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर और मध्य प्रदेश के शेष हिस्सों में अगले 72 घंटे में मॉनसून की बारिश की संभावना है। उत्तर प्रदेश और हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड में भी बहुत अच्छी बारिश होने की आशंका है, तो वहीं दिल्ली तक मॉनसून पहुंचने में कुछ वक्त और है।

धूल भरी आंधी और हल्की बारिश की आशंका

बल्कि आने वाले चार से पांच दिनों के दौरान दिल्ली, नोएडा, गुरुग्राम, फरीदाबाद और गाजियाबाद में तेज हवाओं के साथ धूल भरी आंधी और हल्की बारिश की गतिविधियां होने की संभावना है। दिल्ली-एनसीआर के अलग-अलग स्थानों पर हल्की बारिश हो सकती है।

चेन्नई में बढ़ता जल संकट

स्काईमेट के मुताबिक चेन्नई में लंबे समय से बारिश नहीं हुई है, जिसके कारण यहां जल संकट मंडरा रहा है क्योंकि जलाशयों में क्षमता के मुकाबले बहुत कम पानी बचा है। जुलाई के पहले सप्ताह में चेन्नई में शुष्क मौसम ज्यादातर समय रहेगा

जिससे स्थितियां और विकट हो सकती हैं।आंकड़ों की बात करें तो दिल्ली में सामान्यतः 27 जून तक 47.2 प्रतिशत बारिश होती है लेकिन इस साल महज़ 6.3 प्रतिशत बारिश हुई है, जो सामान्य से 87 प्रतिशत कम है।

यहां हो सकती है बारिश

अगले कुछ घंटों में मेघालय और असम में भी भारी बारिश के संकेत हैं, बिहार और पूर्वी उत्तर प्रदेश में 3 जुलाई को एक-दो स्थानों पर हल्की वर्षा हो सकती है, जबकि झारखंड और पश्चिम बंगाल में अच्छी वर्षा के आसार हैं।

जाने अगले पूरे हफ्ते में कहाँ कहाँ होगी भारी बारिश

जुलाई के पहले और दूसरे हफ्ते में मध्य भारत मे प्रचंड बारिश का रौद्र रूप देखने को मिलेगा। क्योकि बंगाल की खाड़ी में बन चुका निम्न दबाव का क्षेत्र आज रात या कल सुबह ओड़िशा में दाखिल हो जाएगा। लेकिन इसका असर आज से ही शुरू हो गया है। जिसके चलते ओड़िशा, छत्तीसगढ़, विदर्भ, तेलंगाना में भारी बारिश शुरू हो गई है।

2 जुलाई:- कल से इसका रुख पुर्वी मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ की तरफ होगा। कल से पुर्वी मध्यप्रदेश , छत्तीसगढ़ और ओडिशा के सभी जिलों में भारी बारिश होगी। कई जगहो पर तो 24 घण्टो की मूसलाधार ना रुकने वाली बारिश होगी।

3 जुलाई:- ओड़िशा में बारिश में कमी आएगी। लेकिन निम्न दबाव का क्षेत्र और भी शक्तिशाली हो जाएगा क्योंकि पहले इसको सिर्फ बंगाल की खाड़ी की नमी मिल रही थी लेकिन मध्यप्रदेश पर आने के बाद अरब सागर की भरपूर नमी एवं उत्तर भारत से आने वाली गर्म व शुष्क हवाए इसको अत्यंत शक्तिशाली बना देगी।

जिससे मध्यप्रदेश पर 10km से 25km ऊंचाई वाले बादल बनेगे। जो ताबड़तोड़ बारिश करेंगे। मध्यप्रदेश के साथ लगने वाले सभी जिलों/इलाको में भी हल्की से मध्यम बारिश एवं कई जगहों पर भारी बारिश दर्ज की जाएगी।

4 जुलाई:- इस दिन बारिश का पूरा जोर पश्चिमी मध्यप्रदेश पर होगा जिससे इस इलाके में सभी जगहो पर बहुत भारी बारिश होगी। पुर्वी मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़, विदर्भ, ओड़िशा, पुर्वी उत्तर प्रदेश, बुंदेलखंड में हल्की से मध्यम बारिश व कुछ जगहो पर भारी बारिश होगा।

5 जुलाई:- उत्तर भारत मे नया सक्रिय प०वि० आ जाएगा। जिसके कारण पश्चिमी हवाओ से निम्न दबाव की हवाए टकराएगी। प०वी० की हवाओ के कारण यह प्रणाली और पश्चिम में यानी दक्षिण राजस्थान और उत्तरी गुजरात की तरफ नही जा पाएगी।

यह प्रणाली 5 जुलाई से रुख बदलकर पुर्वी उत्तरप्रदेश व पुर्वी मध्यप्रदेश की मुड़ना शुरू हो जाएगी। इस दिन के बाद से इसकी सक्रियता में कमी भी आने लगेगी, लेकिन यह प्रणाली भीषण बारिश देने में फिर भी कामयाब रहेगी। 5 जुलाई को पश्चिमी व उत्तरी मध्यप्रदेश, दक्षिण-पुर्वी राजस्थान में भारी बारिश होगी।

6 जुलाई:-इस दिन सेंट्रल मध्यप्रदेश में भारी बारिश होगी।

7 जुलाई:-इस दिन एक बार फिर पुर्वी मध्यप्रदेश में भारी बारिश व कुछ इलाकों में भीषण बारिश होगी।

8 जुलाई:-इस दिन पुर्वी मध्यप्रदेश में भारी बारिश जारी रहेगी। साथ ही उत्तर प्रदेश में भी बारिश बढ़ेगी।

9 जुलाई:- इस दिन यह प्रणाली पुर्वी उत्तर प्रदेश के आसपास बनी हुई होगी। जिसके कारण पुर्वी उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, पुर्वी मध्यप्रदेश, उत्तर छत्तीसगढ़ में भारी बारिश होगी।

इस प्रणाली से सबसे ज्यादा खतरा मध्यप्रदेश के गुना, अशोकनगर, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, विदिशा, सागर, दमोह, रीवा, सीधी, सिंगरौली, शहडोल, उमरिया, कटनी, जबलपुर, नरसिंहपुर, रायसेन, होशंगाबाद, सिवनी, छिंदवाड़ा, बैतूल, हरदा, सीहोर, भोपाल, राजगढ़, शाजापुर, आगर-मालवा, उज्जैन, इंदौर, देवास, खंडवा, खरगोन जिलो को खतरा है।

इसके साथ झांसी, ललितपुर, बांदा, चित्रकूट, सोनभद्रा, झालवाड़, बारां आदि में भी बारिश का रौद्र रूप देखने को मिल सकता है।एक नया कम दबाव का क्षेत्र फिर से जुलाई के दूसरे हफ्ते के आसपास बंगाल की खाड़ी में बनेगा। लेकिन आगामी प्रणाली उत्तरपुर्वी भारत और बांग्लादेश को प्रभावित करेगी।

आने वाले कुछ घंटो में उत्तर भारत के इन राज्यों में होगी बारिश

उत्तर भारत मे आये पश्चिमी विक्षोभ और मैदानी इलाकों पर बनी ट्रफ से बादल बनना शुरू हो गए हैं।
और मध्य भारत मॉनसून हवाए पश्चिमी हवाओ से टकरा रही है। जिससे एक अत्यंत सक्रीय तूफानी बादल का निर्माण हो गया है। जो अभी कोटा, बूंदी, झालावाड़, बारां, राजगढ़, आगर मालवा, नीमच, मंदसौर, उज्जैन, रतलाम, इंदौर पर बना हुआ है।

अगले कुछ घण्टो में उदयपुर, भीलवाड़ा, चित्तोड़, राजसमंद, सिरोही, पाली, जालोर, बाड़मेर, जोधपुर, प्रतापगढ़, बांसवाडा, रतलाम, झाबुआ, धार, पंचमहल, दाहोद, महिसागर, अरवल्ली, साबरकांठा, बनासकांठा, और कच्छ में तेज आंधी/हवाओ के साथ बूंदाबांदी से लेकर हल्की से मध्यम बारिश और कुछ जगहो पर भारी बारिश संभव है।

वही उत्तर पूर्वी, पुर्वी राजस्थान, दक्षिण व पश्चिम हरियाणा, दिल्ली और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में अनेको जगहो पर छोटे छोटे बादल बने हुए हैं जो समय के साथ सक्रीय हो रहे हैं। कुछ जगहो पर जैसे भिवानी, झज्जर, सोनीपत, दिल्ली, अलवर, दौसा, बागपत, मेरठ में हल्की बारिश शुरू भी हो गई है।

और कुछ जगहो पर सुबह जैसे पुर्वी पंजाब व उत्तरी हरियाणा में हल्की बारिश हुई। आने वाले कुछ घण्टो में राजस्थान के श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, चूरू, सीकर, झुंझनु, अलवर, जयपुर, टोंक, दौसा, भरतपुर, धौलपुर, सवाई माधोपुर, करौली, अजमेर में मेघगर्जन के साथ बूंदाबांदी/हल्की बारिश देखी जा सकती है

हरियाणा के सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, भिवानी, चरखी दादरी, नारनौल, रेवाड़ी, नूह, पलवल, झज्जर और दिल्ली में भी मेघगर्जन के साथ बूंदाबांदी/हल्की बारिश व कुछ जगहो पर तेज़ बारिश का झोंका भी दर्ज किया जा सकता है।

पंजाब के फाजिल्का, मुक्तसर, मानसा, भटिण्डा, फरीदकोट, फ़िरोज़पुर, मोगा में भी शाम तक हल्की बारिश की गतिविधियों की सम्भावना है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के मथुरा, आगरा, अलीगढ़, बुंलदशहर, हाथरस, हापुड़, गाज़ियाबाद, मेरठ, बागपत, मुरादाबाद, अमरोहा, बिजनौर, रामपुर और बरेली में भी मेघगर्जन के साथ बूंदाबांदी की उम्मीद है।

मौसम विभाग का सबसे बड़ा अलर्टः अगले 24 घंटे में सड़कें बन जाएंगी सैलाब, घर ले जाएं जरूरी चीजें

मानसून ने एक बार फिर करवट ली है। इस बार महाराष्ट्र पर मानसून जमकर महरबान हुआ है। जैसा कि पहले ही भारतीय मौसम विभाग की ओर से चेतावनी जारी कर दी गई थी कि शुक्रवार को महाराष्ट्र के कई इलाकों में भारी बारिश होगी।

हुआ भी वैसा ही, माया नगरी मुंबई में शुक्रवार की सुबह ही बरसात के साथ हुई। देखते ही देखते देश की आर्थिक राजधानी मुंबई के कई इलाकों में पानी भर गया। 30 मिनट की बारिश में ही 22 ब्रिज (पुल) ब्लॉक हो गए।

मुंबई में शुक्रवार को शुरू हुई बारिश ने कई इलाकों में आफत का काम किया है। इसके चलते धारावी, अंधेरी, कांदिवली, वसई, बोरिवली जैसे इलाकों में जल भराव की स्थिति बन गई है। यही नहीं कई इलाकों में रुक रुक कर बारिश होने के कारण यहां पर जन जीवन खासा प्रभावित हुआ है।

वही उत्तर भारत में  सुबह हुई बारिश के बाद पश्चिमी हरियाणा, उत्तर राजस्थान और दक्षिणी पंजाब में एक बार फिर से सक्रीय बादल जन्म ले चुके हैं।इस बार इनकी शशक्ता सुबह से ज्यादा है। क्योंकि दिन बढ़ी गर्मी और वातावरण में मौजूद अत्यधिक नमी के कारण बादल बन रहे हैं।

नए बादल फाजिल्का, मुक्तसर, भटिंडा, सिरसा, फतेहाबाद, हिसार, भिवानी, चूरू, हनुमानगढ़ पर बन रहे हैं। अगले कुछ घण्टो में श्रीगंगानगर, चूरू, नागौर, जयपुर, दौसा, अलवर, नारनौल पर भी नए बादल बनेगे। जिसके कई इलाकों में आँधी व मेघगर्जन के साथ हल्की बारिश या बूंदाबांदी हो सकती है।

अगले 3 से 4 घण्टो में फाजिल्का, मुक्तसर, सिरसा, फतेहाबाद, हनुमानगढ़, हिसार, भिवानी, चरखी दादरी, चूरू, नारनौल, अलवर और दक्षिणी दिल्ली व साथ लगते इलाको पलवल, बुलन्दशहर, मथुरा, हाथरस आदि में आँधी के साथ बूंदाबांदी से लेकर हल्की से मध्यम बारिश सम्भावित है।

दक्षिण राजस्थान में प्री-मॉनसून भी अब जोर पकड़ रहा है। उदयपुर, सिरोही, राजसमंद, चित्तोड़, भीलवाड़ा, टोंक, कोटा, बारां, झालावाड़, बांसवाडा में भी मेघगर्जन के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने का अनुमान है। पश्चिमी राजस्थान के जिलो में साफ मौसम रहेगा।दक्षिण गुजरात और मध्यप्रदेश के अनेको हिस्सो में भी हल्की से मध्यम बारिश जारी रहेगी।