जापान का पासपोर्ट बना दुनिया में सबसे ‘पावरफुल’, जानें किस पायदान पर है भारत

किसी भी देश का पासपोर्ट दुनिया में उस देश की साख को प्रस्तुत करता है. और पॉवरफुल पासपोर्ट का मतलब ये है कि आप कितने अधिक देशों की यात्रा बिना वीजा के कर सकते हैं. यानी पावरफुल पासपोर्ट पर वीजा ऑन अराइवल की सुविधा दी जाती है.

अगर आपके पास जापान का पासपोर्ट है तो आप खुद को सबसे पावरफुल कह सकते हैं, क्योंकि पूरी दुनिया में जापान के पासपोर्ट को सबसे शक्तिशाली पासपोर्ट का दर्जा दिया गया है. पासपोर्ट की ग्लोबल इंडेक्स रैंकिंग को जापान के पासपोर्ट को सबसे ज्यादा वजनी यानी पावरफुल बताया गया है.

इस लिस्ट में हमेशा से यूरोपीय देशों का दबदबा रहा है, लेकिन पिछले दो साल से एशिया के देशों ने इस पर कब्जा जमा लिया है.

हैनले (Henley) पासपोर्ट इंडेक्स ने वर्ष 2018 के पावरफुल वीजा की लिस्ट जारी की है. इस लिस्ट के मुताबिक, जापान के पासपोर्ट इस इंडेक्स में शीर्ष स्थान पर रखा गया है. जापान के पासपोर्ट को 190 देशों से वीजा ऑन अराइवल का दर्जा मिला हुआ है.

जापान यह टॉप पोजीशन सिंगापुर को पछाड़ कर हासिल की है. बीते साल सिंगापुर इस लिस्ट में शीर्ष पर था. सिंगापुर के पासपोर्ट पर बिना पूर्व वीजा के 189 देशों की यात्रा कर सकते हैं. जापान की रैंकिंग में इस साल म्यांमार से अराइल ऑन वीजा की सुविधा मिलने के बाद सुधार हुआ है.

इस तरह सिंगापुर इस लिस्ट में अब पहले स्थान से खिसककर दूसरे स्थान पर और जर्मनी दूसरे स्थान से नीचे आकर तीसरे स्थान पर पहुंच गया है. तीसरे स्थान पर जर्मनी के साथ दक्षिण कोरिया और फ्रांस भी शामिल हो गए हैं. तीसरे स्थान के पासपोर्ट धारक 188 देशों की यात्रा कर सकते हैं. फ्रांस और दक्षिण कोरिया को म्यांमार और उज़्बेकिस्तान ने अराइवल की सुविधा दी है.

बीते साल सिंगापुर इस लिस्ट में टॉप पर था और उसके बाद दूसरे नंबर पर जर्मनी, तीसरे नंबर पर स्वीडन और दक्षिण कोरिया थे. भारत 75वें स्थान पर था और भारत का वीजा फ्री स्कोर 51 था. अफगानिस्तान इस लिस्ट में सबसे नीचे था. उसके पास सिर्फ 22 अंक थे.

भारत 81वें स्थान पर

इस इंडेक्स में भारत को 81वीं रैंक पर रखा गया है. भारत के पासपोर्ट पर 60 देशों की यात्रा की अनुमति है. वहीं अगर पाकिस्तान की बात की जाए वह 104वें स्थान पर है. पाकिस्तानी पासपोर्ट होल्डर 33 देशों की यात्रा कर सकता है.

अमेरिका और ब्रिटेन, दोनों ही देशों के पासपोर्ट 186 देशों की यात्रा के साथ इस इंडेक्स में 5वें स्थान पर है. इंडेक्स के अंतिम पायदान पर अफगानिस्तान और इराक को जगह दी गई है. इन देशों के पासपोर्ट पर केवल 30 देशों के यात्रा की अनुमति मिली हुई है.

रूस और चीन की बात की जाए तो दोनों ही देश अपनी बॉडर लाइन को पकड़े हुए हैं. रूस एक अंक गिरकर 46 से 47वें स्थान पर पहुंच गया है. चीन की रैंकिंग में भी दो अंक गिरे हैं और इस तरह चीन 71वें स्थान पर पहुंच गया है.

हैनले पासपोर्ट इंडेक्स दुनियाभर के देशों के पासपोर्ट को उनकी देशों की वैधता के स्थान पर रैंकिंग देता है. ये आंकड़े इंटरनेशनल एयर ट्रांसपोर्ट एसोसिएशन से इकट्ठा किए जाते हैं.