इस ‘मिनी कश्मीर’ को देखने दूर-दूर से लोग आते हैं, शिमला-मनाली से फ़ुर्सत मिले तो यहां चले जाना

वैसे तो उत्तराखंड पूरे देश में अपने तीर्थ स्थलों के लिए प्रसिद्ध है और यही वजह है कि इसे देवभूमि भी कहा जाता है. लेकिन इसी देवभूमि में एक जगह ऐसी भी है जहां जाकर आपको स्वर्ग यानि कि कश्मीर में होने के जैसा एसहास होगा. इस जगह का नाम है मुनस्यारी, जो मिनी कश्मीर के नाम से जाना जाता है. मुनस्यारी ही क्यों? चलिए इस सवाल का भी जवाब देते हैं.

ट्रेकिंग हैवन

मुनस्यारी का मतलब होता है, वो जगह जो बर्फ़ से ढकी हो. यहां के बर्फ़ीली वादियों और पहाड़ों को देख कर आपको इसका एहसास भी हो जाता है. वहीं स्थानीय भाषा में इसे मुनियों का स्थल भी कहा जाता है. ये उत्तराखंड के पिथौरागढ़ से 130 किलोमीटर दूर स्थित एक हिल स्टेशन है. हिमालय की गोद में बसे इस पर्यटन स्थल पर ट्रेकिंग और स्कीइंग के शौकीन लोगों का जमावड़ा लगा रहता है.

चारो तरफ बर्फ से ढ़की चोटियां

मुनस्यारी से आपको हिमालय के बर्फ़ ढ़की चोटियों का बहुत ही सुखद नज़ारा देखने को मिलता है. हिमालयन रेंज की जानी-मानी पर्वत श्रंखलाओं में से एक पंचौली भी यहां मौजूद है. इसकी सरहदें नेपाल और तिब्बत से मिलती हैं. यहीं इंडिया और तिब्बत के बीच का वो ट्रेड रूट मौजूद है जो सैंकड़ों वर्ष पुराना है. इसके आस-पास नंदा देवी, नंदा कोट और त्रिशूल जैसे प्रसिद्ध पर्यटन स्थल भी हैं.

प्रवासी पक्षियों से मिलना

यहां के नामिक ग्लेशियर से कई झरने गिरते हैं, जो लोगों के आकर्षण का एक और प्रमुख कारण है. सैंकडों देशी-विदेशी पक्षियों का घर भी है मुनस्यारी. देवदार और पाइन जैसे पेड़ों के से भरे जंगलों में आपको Wagtail, Raven, Falcon जैसे प्रवासी पक्षी आसानी से दिखाई दे जाएंगे.

Village Tourism

सुदूर पहाड़ियों पर बसे यहां के गांव अपने अनोखी संस्कृति के लिए प्रसिद्ध हैं. इनसे रूबरू होना काफ़ी दिलचस्प रहेगा. यहां घूमने का सबसे अच्छा वक़्त मार्च से जून का ही होता है.इस दौरान मौसम साफ़ रहता है और रास्ते भी. आप आराम से ट्रेकिंग और Sightseeing का आनंद ले सकते हैं. वहीं अगर आप स्नोफाल देखना पसंद करते हैं, तो आपको यहां दिसंबर और फरवरी के बीच में आना चाहिए.

कैस पुहंचे

दिल्ली से मुनस्यारी 600 किलोमीटर दूर है. यहां से फ्लाइट, रेल और सड़क के रास्ते पहुंच सकते हैं. नैनीताल के पंतनगर एयरपोर्ट से दिल्ली की चार फ्लाइट्स हैं. यहां से मुनस्यारी 250 किलोमीटर है.

यहां से आप टैक्सी और बस के ज़रिये मुनस्यारी पहुंच सकते हैं. रेल से सफ़र करने वालों को काठगोदाम स्टेशन पर उतरना होगा. यहां से भी आपको टैक्सी मिल जाएंगी. काठगोदाम से मुनस्यारी 275 किलोमीटर दूर है.

सिर्फ 1 चीज से साफ कर सकते हैं काले हो चुके गैस के बर्नर, आसान है प्रॉसेस

गैस के काले हो चुके बर्नर को साफ करना मुश्किल लगता है। लेकिन एक सिंपल सी ट्रिक से आप इसे आसानी से साफ कर सकते हैं।

इसके लिए न तो आपको ज्यादा मेहनत करनी होगी ना ही किसी महंगे क्लीनर की जरूरत होगी। आइए जान लेते हैं इसकी सिंपल प्रॉसेस। इस प्रॉसेस से आप बर्नर के साथ ही ऊपर के हेंडल भी साफ कर सकते हैं।

  • 1 Step

इसके लिए आपको सिर्फ एक चीज की जरूरत होगी वो है सिरका या व्हाइट विनेगर। इसके लिए आपको एक इतना बड़ा बर्तन लेना है जिसमें बर्नर आसानी से डूब जाएं। अब इस बर्तन में आधा कप विनेगर डाल दें। इसके ऊपर से आधा कप पानी भी डाल दें। अब इस सॉल्यूशन में बर्नर को डुबोकर रात भर के लिए छोड़ दें। रात में गैस का काम नहीं होने के कारण बर्नर का यूज भी नहीं करना होगा।

  • 2 Step

बर्नर को पानी से निकाल लें। अब स्टील के स्क्रबर से इसको साफ करें। आपको ज्यादा रगड़ना नहीं होगा। हल्के हाथ से साफ करने पर भी ये आसानी से साफ हो जाएगा। बर्नर में गंदगी भरने से गैस का फ्लो कम हो जाता है। इसकी सफाई होने से गैस का फ्लो भी ठीक हो जाएगा।

धूल की चादर में लिपटा उत्‍तर भारत, मुश्किल भरे हो सकते हैं आने वाले 48 घंटे

उत्‍तर भारत में इस समय धूल ही धूल नजर आ रही है। राजस्थान और ब्लूचिस्तान (पाकिस्तान) की ओर से चलीं धूलभरी गर्म हवाओं की वजह से उत्तर भारत के आसमान पर धूल की एक परत-सी बन गई है। धूलभरी हवा से राजस्थान, दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा, चंडीगढ़ और पश्चिमी उत्तर प्रदेश सर्वाधिक प्रभावित रहे।

धूलभरी हवाएं चलने का कारण पश्चिमी विक्षोभ माना जा रहा है। ऐसे में लोगों को जहां सांस लेने में दिक्कत हो रही है, वहीं हवाई परिचालन प्रभावित हुआ है। विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे ही हालात रहे तो उत्तर भारत के लिए आने वाले 48 घंटे मुश्किलों भरे हो सकते हैं।

40 किमी. प्रति घंटे की रफ्तार से आ रही है धूल बढ़ते तापमान से परेशान उत्तर भारत के लोगों की मुश्किल तब और बढ़ गई, जब हवाएं चलने से वातावरण में धूल की मात्रा और बढ़ गई। स्काईमेट वेदर के मुख्य मौसम विज्ञानी महेश पलावत का कहना है कि राजस्थान और ब्लूचिस्तान की ओर से चल रही गर्म हवाओं के साथ धूल करीब 40 किमी. प्रति घंटे की रफ्तार से दिल्ली की ओर आ रही है।

चूंकि मौसम में नमी नहीं है, इस कारण धूल की इस चादर का असर कई दिन तक बना रहेगा। दिल्ली में कई गुना बढ़ा प्रदूषण का स्तर धूलभरी हवाओं ने दिल्ली में वायु प्रदूषण का स्तर खतरनाक स्थिति में पहुंचा दिया है।

पर्टिकुलेट मैटर (पीएम) 2.5 बुधवार को दिल्ली में तीन गुना से भी अधिक 200 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर दर्ज किया गया, जबकि इसका सामान्य स्तर 60 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर होता है। इसी तरह पीएम 10 का सामान्य स्तर 100 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर होता है, जबकि बुधवार को यह 981 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर रिकॉर्ड किया गया।

घर व दफ्तर के दरवाजे-खिड़कियां बंद रखने की सलाह मौसम विशेषज्ञों ने ऐसे हालात में बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों को घर के भीतर ही रहने की सलाह दी है। घर व दफ्तर की खिड़कियां-दरवाजे बंद रखने को कहा है। साथ ही कचरा न जलाने की सलाह दी है। इस दौरान निर्माण कार्य भी बंद रखने की भी बात कही है।

बठिंडा-जम्मू फ्लाइट रद

आसमान में धूल के कारण बठिंडा-जम्मू फ्लाइट रद आसमान में धूल होने के कारण बुधवार को बठिंडा से जम्मू और जम्मू से बठिंडा की फ्लाइट को रद कर दिया गया। जम्मू से सुबह 9:10 की फ्लाइट को बठिंडा 10:20 बजे पहुंचना था, लेकिन आसमान में धूल के कारण जम्मू से फ्लाइट उड़ान नहीं भर सकी।

यूपी में आंधी के बाद बरसे बदरा

उत्तर प्रदेश में आंधी के बाद बरसे बदरा, 10 की मौत भीषण तपन के बीच मौसम के प्रतिदिन अलग-अलग तेवर बेहाल कर रहे हैं। पश्चिमी उप्र के अधिकांश जिलों में बुधवार को आसमान में धुंध छायी रही। गर्म हवाएं और उमस ने झुलसाया तो कहीं आंधी-पानी ने तबाही मचाई। खासकर पूर्व और मध्य उप्र में। इस दौरान 10 लोगों की मौत हो गई, जबकि दर्जनों लोग घायल हो गए। पेड़, बिजली खंभे उखड़े, जिससे जनजीवन अस्तव्यस्त हो गया।

हरियाणा में दो दिन और मुसीबत

हरियाणा में दो दिन और रहेगी मुसीबत हरियाणा के आसमान में भी बुधवार को धूल का गुबार छाया रहा। इससे दृश्यता कम हो गई। ऐसे हालात हो दिन और रह सकते हैं। धूल की वजह से सांस के मरीजों की तकलीफ भी बढ़ गई। वहीं, गर्मी के कारण हांसी में दो लोगों की मौत हो गई।

कोलकाता में मिली राहत

कोलकाता में बारिश से मिली राहत कोलकाता समेत पश्चिम बंगाल के विभिन्ना जिलों में मानसून की हुई बारिश से तापमान सामान्य रहा। हालांकि, कोलकाता व आसपोड़स के जिलों में दोपहर तक तेज धूप थी। बाद में बादल छा जाने से मौसम अच्छा हो गया।

छत्‍तीसगढ़ में उमस

छत्तीसगढ़ में उमस ने लोगों को किया परेशान छत्तीसगढ़ में बुधवार को दिन में उमस ने लोगों को परेशान किया। पूर्वानुमान है कि आने वाले 24 से 36 घंटों के बीच दक्षिण छत्तीसगढ़ से लेकर उत्तर छत्तीसगढ़ के अधिकांश हिस्सों में मध्यम से तेज बारिश होगी। छत्तीसगढ़ में आठ जून को मानसून पहुंच चुका है, लेकिन बारिश अपेक्षाकृत कम में हो रही है।

जम्‍मू-कश्‍मीर में पारा सामान्‍य से ऊपर

जम्मू-कश्मीर में सामान्य से ऊपर है पारा जम्मू-कश्मीर में तापमान सामान्य से ऊपर चल रहा है। जम्मू में बुधवार को दिन का अधिकतम तापमान 43.3 डिग्री सेल्सियस रहा। इससे पहले मई में तापामान 43.5 डिग्री रह चुका है। कश्मीर में भी तापमान सामान्य से करीब पांच डिग्री सेल्सियस ऊपर चल रहा है।

हिमाचल में धूप से बढ़ा तापमान

हिमाचल प्रदेश में पिछले तीन दिन से धूप खिलने के कारण तापमान में वृद्धि दर्ज की गई है। प्रदेश में सबसे अधिक तापमान ऊना में 43.4 डिर्ग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। शिमला में सामान्य से अधिक गर्मी दर्ज की जा रही है।

उत्तराखंड के पहाड़ों में बारिश, मैदान में तपिश

उत्तराखंड के पहाड़ी जिलों में जहां बुधवार को बारिश से लोगों को चढ़ते पारे से राहत मिली है, वहीं मैदानी जिलों में गर्मी व उमस ने लोगों को परेशान किया। मौसम विभाग के अनुसार अगले तीन दिन चढ़ते पारे से राहत मिलने के आसार कम ही हैं।

पॉकेट में आसानी से आ जाता है ये पोर्टेबल प्रिंटर, कीमत इतनी कम जानकार उड़ जाएंगे होश

आजकल स्मार्टफोन का जमाना है और ऐसे में क्या बूढ़े और क्या बड़े सभी स्मार्टफोन चलाते हैं। दुनिया के ज्यादातर लोग स्मार्टफोन से ही इंटरनेट पर सर्फिंग करते हैं। इसके साथ ही अपनी तस्वीरों को सोशल मीडिया पर अपलोड करते हैं जिससे लंबे समय तक उनकी तस्वीरें सुरक्षित रह सकें।

लेकिन ये कभी-कभार हमसे डिलीट हो जाती हैं, लेकिन अब हम आपको एक ऐसे गैजेट के बारे में बताने जा रहे हैं जिससे आप एक मिनट से भी कम समय में अपनी तस्वीरों की हार्ड कॉपी ले सकते हैं।जिस गैजेट के बारे हम बताने जा रहे हैं वो दरअसल में एक पोर्टेबल प्रिंटर है जिसकी मदद से आप कभी और कहीं भी अच्छी क्वालिटी की तस्वीरों को हार्ड कॉपी में निकाल सकते हैं।

यह प्रिंटर ऐसे लोगों को ध्यान में रखकर बनाया गया है जो सेल्फी खींचने के शौक़ीन होते हैं और उन्हें तस्वीरों को अपने घर के एल्बम में लगाना अच्छा लगता है। यह गैजेट आपको बिना तार लगाए प्रिंट आउट लेने की सहूलियत देता है।

जानिए क्या हैं फीचर्स

आपको बता दें कि इस गैजेट के साथ यूज़र्स बॉर्डर, टेक्स्ट, इमोजी जैसे फीचर भी इमेज में एड कर सकते हैं और फिर इनका प्रिंट आउट निकाल सकते हैं। प्रिंटर का वजन 170 ग्राम होता है और इसे आप आसानी से अपने फोन, लैपटॉप या टैबलेट से कनेक्ट करके इससे तस्वीरें निकाल सकते हैं।

बता दें कि यह गैजेट किसी स्मार्टफोन से भी सस्ता है और आप इसे महज 8499 रुपए में खरीद सकते हैं। अगर आप भी ये प्रिंटर खरीदते हैं तो ये आपके बड़े काम आ सकता है।

HDFC अकाउंट होल्डर के लिए जरूरी खबर, बैंक ने ग्राहकों को खुद दी जानकारी

अगर आपका बैंक अकाउंट भी एचडीएफसी बैंक (HDFC Bank) में है तो यह खबर आपके लिए जरूरी है. यह खबर एटीएम/ डेबिट कार्ड से जुड़ी हुई है. बैंक की तरफ से बुधवार को अपने ग्राहकों को एक ई-मेल के जरिये एटीएम/ डेबिट कार्ड से जुड़ी जानकारी दी है.

ई-मेल पर बैंक की तरफ से जानकारी दी गई कि एटीएम/ डेबिट कार्ड एक्सेस सिस्टम में 14 जून को मेंटीनेंस की जाएगी. बैंक की तरफ से जारी ई-मेल में बताया गया कि सॉफ्टवेयर अपडेट होने के कारण हमारा एटीएम/ डेबिट कार्ड एक्सेस सिस्टम आधी रात 12.30 बजे से सुबह 5 बजे तक मेंटीनेंस में रहेगा.

बैंक ने ई-मेल कर दी जानकारी

बैंक की तरफ से बताया गया कि एटीएम से जुड़ा यह मेंटीनेंस 14 जून को होगा. बैंक की तरफ से कष्ट के लिए खेद प्रकट किया गया है. आपको बता दें कि बैंकों की तरफ से समय-समय पर सॉफ्टवेयर को अपडेट किया जाता है, ऐसे में कुछ समय के लिए बैंक के संबंधित एटीएम काम नहीं करते. इस बारे में बैंक की तरफ से ग्राहकों ई-मेल और मैसेज के जरिए बताया गया है.

इससे पहले पिछले दिनों HDFC बैंक ने म्‍युचुअल फंड (LAMF) के बदले डिजिटल लोन देने की शुरुआत की थी. इस सुविधा के जरिये बैंक के कस्‍टमर 3 स्‍टेप में ऑनलाइन इसका लाभ उठा सकते हैं. यह सुविधा कुछ खास कस्टमर्स के लिए ही है. जिन निवेशकों के पास म्‍युचुअल फंड की स्‍कीम्‍स हैं, जिनका रजिस्‍ट्रार CAMS है, सिर्फ वह इस सुविधा का लाभ उठा सकते हैं. यह सुविधा उन्हीं कस्‍टमर्स को भी मिलेगी जिनकी अभी तक कोई क्रेडिट हिस्‍ट्री नहीं है.

निवेशक बैंक की साइट के माध्‍यम से CAMS की वेबसाइट पर जाकर फंड को सिलेक्‍ट करना है. इसके बाद टर्म और कंडीशन टैप पर क्लिक करना होगा. आखिर में एक वन टाइम पासवर्ड जेनरेट करना होगा, जिसके बाद यह प्रोसेस पूरा हो जाएगा. इसके बाद आपको ओवरड्राफ्ट लिमिट मिल जाएगी. यह ओवरड्राफ्ट लिमिट म्‍युचुअल फंड में निवेश के हिसाब से मिलेगी. बाद में आप इस लिमिट के अंदर पैसा जब चाहें ले सकते हैं.

आसानी से कोई भी नहीं लौटाता उधार दिया पैसा, काम आते हैं 5 तरीके

आम जिदंगी में एक कहावत है कि उधार देकर भूल जाइए। अमूमन उधार दिया हुआ पैसा वापस पाना एक चुनौती माना जाता है। आपने किसी खास दोस्‍त को पैसा दिया तो दोस्‍ती और पैसा दोनों के खोने के जोखिम बढ़ जाता है। ऐसे मे बड़ा सवाल है कि आखिर किसी को दिया हुआ उधार कैसे हासिल किया जाए।

  • फाइनेंशियल एक्‍सपर्ट ऐसी सिचुएशन में कुछ खास तरीके अपनाने की सलाह देते हैं।
  • फाइनेंशियल मामलों में सलाह देने वाले बैंक बाजार डॉट कॉम के सीईओ आदिल शेट्टी के मुताबिक, अगर अपने दोस्‍त से उधार मांगें भी तो उसका एक खास तरीका होना चाहिए।
  • शेट्टी के मुताबिक, ऐसे कुछ तरीके हैं जिन्‍हें अपनाने से आपका उधार वापस मिल जाएगा और रिश्‍तों में कड़वाहट भी नहीं आएगी।

पैसे की लगातार याद दिलाना बेस्‍ट तरीका

  • आम जिंदगी में उधार पाने का सबसे बेहतर तरीका है कि आपने जिस भी व्‍यक्ति को उधार दिया है, उस अपने उधार की लगातार याद दिलाते रहें।
  • अगर सामने वाले ने उधार के पैसे चुकाने का एक निश्चित समय दिया है तो उस समय पर जरूर पहुंचे।
  • अगर सामने वाला उस तय समय पर पैसा नहीं भी दे पाए तो भी उसपर मोरल प्रेशर जरूर पड़ता है।
  • कई बार मोरल प्रेशर पड़ने के बाद आपका उधार जल्‍दी मिल जाता है।
  • अगर ऐसा नहीं होता है ये 5 कदम उठाएं, जिसकी सलाह अमूमन फाइनेंशियल एक्‍स्‍पर्ट देते हैं।

हालात को समझें

  • अगर दिया हुआ उधार समय पर नहीं मिल पा रहा है तो सामने वाले से तय समय पर पैसे नहीं चुकाने का कारण जानने की कोशिश करें।
  • यह जानने की कोशिश करें कि कहीं आपका दोस्‍त किसी फाइनेंशियल प्रॉब्‍लम में तो नहीं है।
  • अगर है तो उसकी प्रॉब्‍लम की पड़ताल करें, अगर आप एक बार हालात समझ गए तो आपको पैसे चुकाने के लिए थोड़ा और वक्‍त देने में हिचकिचाहट नहीं होगी।
  • अगर दिया हुआ उधार समय पर नहीं मिल पा रहा है तो सामने वाले से तय समय पर पैसे नहीं चुकाने का कारण जानने की कोशिश करें।
  • यह जानने की कोशिश करें कि कहीं आपका दोस्‍त किसी फाइनेंशियल प्रॉब्‍लम में तो नहीं है।
  • अगर है तो उसकी प्रॉब्‍लम की पड़ताल करें, अगर आप एक बार हालात समझ गए तो आपको पैसे चुकाने के लिए थोड़ा और वक्‍त देने में हिचकिचाहट नहीं होगी।

पैसे को लेकर अपनी मजबूरी गिनाएं

  • आपने अपने दोस्‍त को पैसे चुकाने का एक निश्चित समय दे दिया, लेकिन अगर इसके बाद भी उसने पैसे नहीं चुकाए तो आप उसे बताएं कि इस पैसे की आपको कितनी जरूरत है।
  • अच्‍छा होगा कि ये बातें फोन या इंटरनेट पर करने की बजाय आप उसके घर जाकर या उससे मिलकर आमने-सामने करें।
  • ऐसा कोई दस्‍तावेज अपने दोस्‍त को जरूर दिखाएं जिससे यह साबित हो सके कि इन पैसों की आपको सख्‍त जरूरत है।
  • आप यह भी बताएं कि पैसे मिलने में देरी आपके लिए कितना नुकसानदायक साबित हो सकती है।
  • सामान्‍यत: ऐसी हालत में लोग पैसा वापस कर ही देते हैं।

उधार चुकाने का ऑप्‍शन भी दें

  • आपकी ओर से मुसीबत गिराने के बाद भी अगर आपका दोस्‍त पैसे नहीं चुका रहा है तो आप निराश नहीं हो, बल्कि री-पेमेंट के प्‍लान पर काम करें।
  • इसके तहत आप उसे अपना पैसा किश्‍त में भी लौटाने का ऑफर दे सकते हैं।
  • आप उससे पोस्‍ट डेट चेक भी ले सकते हैं।
  • वह किसी चीज को बेचकर भी आपका री-पेमेंट कर सकता है। अपने उधार के एवज में आप सामने वाले से कोई सामना जो आपके उधार के बराबर कीमत को हो, उसे भी ले सकते हैं।
  • सामान्‍य मामलों में देखा जाता है कि लोग ऐसे हालात में पैसा वापस कर ही देते हैं।

दोस्‍तों और परिवार को भी शामिल करें

  • अगर इसके बाद भी अगर आपको उधार वापस नहीं मिलता है तो आप सोशल सर्किल का यूज करें।
  • दोस्‍तों और रिश्‍तेदारों से री-पेमेंट के लिए कहलवाएं।
  • आप ऐसे प्रूफ भी दें कि जिससे साबित हो कि बार-बार टाइम देने के बाद भी आपका पैसा वापस नहीं मिल रहा है।
  • याद रखें यह कदम तभी उठाएं जब आपको पैसे की बेहद जरूरत हो, क्‍योंकि इससे आपकी दोस्‍ती या रिश्‍ता भी टूट सकता है।

लीगल ऑप्‍शन तलाशें

  • अगर इसके बाद भी पैस नहीं मिले तो जान लीजिए कि सामने वाला आपको पैसा वापस नहीं करके के मूड में है, ऐसे में आखिरी रास्‍ते के रूप में आप लीगल ऑप्‍शन तलाश सकते हैं।
  • हालांकि याद रखें कि अगर आप ऐसा करने जा रहे हैं तो आपकी दोस्‍ती टूटना तय है।
  • आप यह रास्‍ता अभी चुनें जब सारी उम्‍मीदें खत्‍म हो जाएं। अगर आप कोर्ट जा रहे हैं तो आप उधर के सारे सबूत अपने पास रखें।

पेन ड्राइव से हैक हो जाती है ATM मशीन, हैकर्स ऐसे निकाल लेते हैं सारा पैसा

अक्सर खबरें आती हैं कि एटीएम को हैक करके अकाउंट से पैसा निकाल लिया जाता है. आरबीआई और बैंक इसकी सुरक्षा को लेकर लगातार कुछ न कुछ अपडेट जारी करते हैं. लेकिन, फिर भी हैकर्स दूर बैठे लोगों के अकाउंट से पैसे ट्रांसफर कर देते हैं.

ATM हैकिंग के नए-नए मामले सामने आते रहते हैं. सिर्फ भारत में ही नहीं बल्कि कई देशों में इस तरह की हैकिंग आम बात है. कुछ समय पहले जर्मनी के हैमबर्ग में हुई Chaos Computing Congress में दो विशेषज्ञों ने इसकी जानकारी दी थी. उनके हिसाब से ATM मशीन में सिर्फ एक छेद कर पेन ड्राइव के जरिए सारा पैसा ट्रांसफर किया जा सकता है.

पेन ड्राइव लगाकर आसानी से होती है हैकिंग

Chaos Computing Congress में बताई गई ट्रिक्स के मुताबिक ATM मशीन में पेन ड्राइव लगाकर उसे हैक करने का काम बड़ी ही आसानी से किया जा सकता है. इस काम के लिए पेन ड्राइव को ATM मशीन से जोड़ना होता है.

पेन ड्राइव में पहले से ही एक मालवेयर प्रोग्राम (खास तरह का कम्प्यूटर वायरस जो सिस्टम में गड़बड़ी करने के लिए बनाया जाता है) होता है. इस मालवेयर की मदद से 12 अंकों का कस्टम कोड मशीन में डाला जाता है. इसके बाद कम्प्यूटर प्रोग्राम अपना काम करना शुरू कर देता है.

कोड डालने के तुरंत बाद ATM की स्क्रीन पर एक मैसेज दिखता है. इस मैसेज के दिखते ही ATM मशीन पर पूरी तरह से हैकर्स का कब्जा हो जाता है. मालवेयर प्रोग्राम की मदद से हैकर्स को यह भी पता चल जाता है कि ATM में कितने पैसे हैं और उन्हें कैसे ट्रांसफर किया जा सकता है. यूरोपियन देशों में इस तरह की ATM हैकिंग बहुत तेजी से आगे बढ़ रही है.

ATM पासवर्ड हैकिंग से बचने के टिप्स

ATM पिन की सुरक्षा को लेकर यूजर्स अक्सर बहुत लापरवाह रहते हैं. वैसे तो ATM हैकिंग को रोकने के लिए बहुत हाई-टेक होना जरूरी है, लेकिन ATM पिन की सुरक्षा काफी हद तक यूजर्स के हाथ में रहती है. सबसे बड़ी गलती तो यूजर्स की ATM पिन चेंज ना करना होती है.

  • ATM कार्ड और पिन को एक साथ ना रखें.
  • ATM पिन को टेक्स्ट मैसेज या ईमेल के जरिए ना भेजें.
  • अगर आप अपने ATM का पिन लगातार चार बार गलत प्रेस करेंगे तो ATM कार्ड मशीन में फंस जाएगा.
  • ATM के अंदर किसी अन्य गैजेट, चार्जर, पेन ड्राइव, मशीन में होल जैसी चीजों को चेक कर लें.

ऑनलाइन बैंकिंग में सुरक्षित रहने के टिप्स

बैंकों अक्सर देते हैं सुझाव

सभी बैंक अपने ग्राहकों को सुरक्षित ऑनलाइन बैंकिंग के कई सुझाव देते हैं लेकिन, इसके बावजूद भी कई लोग फ्रॉड का शिकार हो जाते हैं. इंटरनेट पर हर पल कई हैकर्स लगातार दूसरों के बैंक अकाउंट पर नजर बनाए रहते हैं और लोगों की एक छोटी सी गलती करने का बेसब्री से इंतजार करते रहते हैं.

फिशिंग अलर्ट

फिशिंग एक टेक्निकल शब्द है, जिसे किसी घपले या घोटाले के लिए इस्तेमाल किया जाता है. जब कोई फ्रॉड व्यक्ति या संस्था आपको फर्जी ई-मेल भेजती है तो इसे फिशिंग कह सकते हैं. ये ई-मेल बिल्कुल विश्वसनीय जैसे लगते हैं और इसके जरिए आपका बैंक अकाउंट नंबर, पासवर्ड और कई व्यक्तिगत जानकारी मांगी जा सकती है. ऐसे ई-मेल से हमेशा सावधान रहें और इनमें दिए गए लिंक्स (links) पर क्लिक न करें.

बैंक संबंधित जानकारी रखें गुप्त

इंटरनेट के प्रयोग के समय किसी भी संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें. किसी भी लुभावने ऑफर को देखकर उसपर क्लिक करना और उसमें दिए गए निर्देशों पर अमल करना खतरे का काम होता है. इससे आपकी कई व्यक्तिगत जानकारियां फ्रॉड लोगों तक पहुंच जाती है.

लॉक आइकन पर रखें नजर

अपने बैंक अकाउंट के आईडी और पासवर्ड का इस्तेमाल किसी भी वेबसाइट पर तभी करें जब ऊपर यूआरएल (url) पर लॉक का चिन्ह दिखाई दे. ये आपके पासवर्ड को गुप्त रखता है. इस चिन्ह से पता चलता है की जिस वेबसाइट पर आप काम कर रहे हैं वो सुरक्षित है.

लॉगआउट करना न भूलें

जब भी आप इंटरनेट से अपने पैसों की लेन-देन करें उसके तुरंत बाद अपना अकाउंट लॉगआउट करना न भूलें. आपके अकाउंट के खुले रहने पर दूसरा व्यक्ति उसका गलत इस्तेमाल कर सकता है.

स्मार्टफोन कितने हैं सुरक्षित

अगर आपके पास बैंक जाने या कम्यूटर पर बैंकिंग करने का टाइम नहीं है तो अपने फोन से भी ऑनलाइन बैंकिंग सुरक्षित है. अपने फोन को हमेशा लॉक रखें और पासवर्ड किसी दूसरे व्यक्ति से शेयर न करें.

एंटीवायरस रखें अपडेट

ऑनलाइन बैंकिंग के इस्तेमाल के लिए अपने मोबाइल या कम्प्यूटर पर एंटीवायरस हमेशा अपडेट रखें. इसके साथ ही सबसे लेटेस्ट एंटीवायरस का इस्तेमाल करना भी जरूरी है.

पासवर्ड के अलावा और क्या है जरूरी?

पर्सनल जानकारियां हैक होने से बचाने के लिए सिर्फ पासवर्ड ही काफी नहीं है. अगर कोई साइट अतिरिक्त सिक्युरिटी फीचर्स ऑफर कर रही है तो उसे भी ट्राई करें. कई बैंक साइट्स या महत्वपूर्ण साइट्स जैसे गूगल और एप्पल सिक्युरिटी फीचर्स में टू-फैक्टर ऑथेन्टिकेशन भी ऑफर करती हैं. कुछ मामलों में सेकंड ऑथेन्टिकेशन जरूरी होता है तभी आप किसी दूसरे कम्प्यूटर से लॉग-इन कर सकते हैं.

पाए कूलर से Ac जैसी ठंडी हवा 5 मिनट में

गर्मी के मौसम में सबसे ज्यादा जिसकी आवश्यकता होती है वो है ठंडी हवा ऐसे में लोग गर्मी से राहत पाने के लिए कूलर और एसी का सहारा लेते है। कभी कभी हमारे कूलर लगतार इस्तेमाल करने की वजह से कम हवा देने लगते हैं और यदि इनकी उचित देखभाल न की जाय.तो ये कीमती उपकरण जल्द ही खराब हो सकते हैं।

इस गर्मी से बचने के लिए आज हम आपको बताएंगे कुछ ऐसे आसान उपाय जिन्हे अपनाकर आपका कूलर भी देगा ऐसी जैसी ठंडी हवा।

आप अपने कूलर को ऐसे स्थान में न ही रखे जहां सूर्य की किरणे उस पर पड़े अर्थात अपने कूलर को खुले में कम ही रखें और कोशिश ये करें कि कूलर के ऊपर टीन या कोई छायादार चीज लगवा लें। जिससे आपका कूलर ठंडा रहेगा और साथ ही ठंडी हवा भी फेंकेगा।

जब भी आप कूलर को बंद करके रखें तो उसकी घास को अलग निकाल कर रख दें। इससे आपके कूलर में धूल मिट्टी भी कम होगी और आपके कूलर की घास भी ठीक से बनी रहेगी। और साथ ही कूलर बंद करके रखने से पहले कूलर के पंखे पर तेल लगा कर रखना न भूलें।

कूलर में पंप बहुत ही महत्वपूर्ण है और आजकल चाइनीज पंप ज्यादा चलने लगे हैं जो बहुत जल्द खराब हो जाते हैं, इसलिए ऐसी चीजे लेने से बचें साथ ही कूलर के पंपों की साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखें। कई बार पंपों में गंदगी जम जाती है, जिससे इनमें खराबी आ जाती है। और जिस कारण हमारा कूलर ठीक से हवा नहीं दे पाता।

वैसे तो कूलर को सर्विसिंग की जरूरत नहीं पड़ती है, लेकिन कूलर को लंबे समय तक बचाने के लिए बीच-बीच में इसकी सर्विसिंग भी करवा ही लेनी चाहिए। ताकि हमारा कूलर और अधिक दिन टिके रहे और ज्यादा कूलिंग हवा दे।

सस्ते में साफ करें टैंक का पानी, मिनटों की है ये ट्रिक

पानी के टैंक में बैक्टीरिया और वायरस बहुत जल्दी ग्रोथ करते हैं। पेट की बीमारियों के लिए जिम्मेदार ई कोलाई वायरस भी बहुत जल्दी पनपता है। इसलिए इस को समय- समय पर साफ करना बहुत जरूरी होता है।

लेकिन इतने बड़े टैंक को और उसके पानी को साफ करना जरा मुश्किल लगता है।यहां बताई जा रही ट्रिक से आप पानी के टैंक को मिनटो में साफ कर सकते हैं। इसके लिए आपको सिर्फ एक चीज की जरूरत होगी वो है ब्लीचिंग पाउडर।

डॉ गीतांजलि शर्मा कहती हैं कि ब्लीचिंग पाउडर पानी में पनपने वाले हर प्रकार के वायरस को मार देता है। यहां तक कि इससे टैंक में जमी काई भी नीचे बैठ जाती है। लेकिन इसको बताई गई मात्रा में ही यूज करना है। आइए जानते हैं इसका यूज।

  • ब्लीचिंग पाउडर को मार्केट में आसानी से मिल जाएगा। यह काफी सस्ता आता है। लगभग 30 रुपए में इसका 100 से 150 ग्राम का पैकेट आ जाता हैै।
  • एक लीटर पानी में आपको 5 मिलीग्राम ब्लीचिंग पाउडर डालना होगा।

  • अगर आपका टैंक 1000 लीटर का है तो आपको 4 ग्राम ब्लीचिंग पाउडर लगेगा।
  • ब्लीचिंग पाउडर में क्लोरीन होता है जो पानी में पनपने वाले बैक्टीरिया वायरस को खत्म कर देता है।
  • इसे पानी में डालकर 15 मिनट के डालकर छोड़ दें। ये टैंक में जमने वाली काई को भी साफ कर देगा।

LPG सिलेंडर में गैस की मात्रा पता करने का सबसे आसान तरीका

एलपीजी सिलेंडर में कितनी गैस बची है? इसे लेकर अक्सर लोग कन्फ्यूज रहते हैं। एकदम से सिलेंडर की गैस खत्म होने पर परेशान भी होना पड़ता है। अक्सर गैस के रंग और सिलेंड को हिलाकर गैस का अंदाजा लगाया जाता है।

आप चाहें तो एक गीले कपड़े के जरिए भी यह पता कर सकते हैं सिलेंडर में कहां तक गैस बची है। यह ट्रिक बहुत आसान है और इसमें मिनटों में आप पता कर सकते हैं सिलेंडर में कितनी गैस बची है।

होलकर साइंस कॉलेज के प्रोफेसर विजेंद्र रॉयका कहना है कि गीले कपड़े के जरिए हम पता कर सकते हैं कि सिलेंडर में कितनी है, क्योंकि जहां लिक्विड होता है, वहां का टेम्प्रेचर खाली हिस्से की अपेक्षा कम होता है।

सिलेंडर में कितनी गैस ऐसे करें चेक

हम अक्सर सिलेंडर में गैस जानने के लिए उसे हिलाकर देखते है ये तरीका गलत है । गैस की सही मात्रा जानने के लिए आप एक गीले कपड़े को पुरे गैस सिलेंडर पर फेरें और थोड़ी देर तक इंतजार करें सिलेंडर में जहां तक गिला दिखाई दे रहा है , उसका मतलब वहां तक गैस है ,और जहाँ तक सूखा है मतलब उतनी गैस खर्च हो चुकी है।